भागलपुर।भागलपुर जिले के बिहपुर प्रखंड अंतर्गत दयालपुर में बुधवार को दिव्या रीक्रिएशनल फिशरीज सेंटर का भव्य उद्घाटन जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी ने फीता काटकर किया। यह सेंटर पारंपरिक मत्स्यिकी को आधुनिक मनोरंजन और पर्यटन से जोड़ने की एक अनूठी पहल है, जो जिले के लिए नई संभावनाओं के द्वार खोलने वाला माना जा रहा है।

यह रीक्रिएशनल फिशरीज सेंटर पूरी तरह मनोरंजन आधारित मत्स्यिकी मॉडल पर विकसित किया गया है। यहां पर्यटकों के लिए फिश स्पा, आकर्षक ऑर्नामेंटल फिश एक्वेरियम, मछली के विविध व्यंजनों से सुसज्जित रेस्टोरेंट, लगभग एक एकड़ का तालाब जिसमें बोटिंग की सुविधा, चिल्ड्रन पार्क, सुंदर पाथवे, फिशिंग (मछली पकड़ने) और फोटोग्राफी की विशेष व्यवस्था की गई है।

फिश स्पा में सैकड़ों छोटी Garra Rufa मछलियां पैरों की मृत त्वचा को हटाकर पैरों को मुलायम और साफ करती हैं। यह प्रक्रिया 15 से 30 मिनट की होती है, जो लोगों के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रही है।

उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी ने कहा कि “जब हम दक्षिण भारत जाते हैं तो देखते हैं कि वहां छोटे-छोटे एक्वेरियम और मत्स्यिकी से लोग अच्छी आमदनी कर रहे हैं। हमारे पास इससे कहीं ज्यादा प्राकृतिक संपदा है। जरूरत है लोगों को प्रशिक्षित करने की। हम आंध्र प्रदेश और दक्षिण भारत से मछली क्यों मंगाते हैं, जब भागलपुर खुद मछली का हब बन सकता है। बगल में पश्चिम बंगाल है, जहां मछली की जबरदस्त मांग है।”

उन्होंने कहा कि यह सेंटर एनएच पर स्थित है, जहां से रोज हजारों लोग गुजरते हैं।“यहां लोग रुक सकते हैं, फ्रेश हो सकते हैं, बच्चों के लिए पार्क है, स्पा है, रेस्टोरेंट है। लोग मनोरंजन करें, फोटोग्राफी करें और 15 मिनट आराम कर तरोताजा होकर आगे बढ़ें।” जिलाधिकारी ने इसे पहली शुरुआत बताते हुए कहा कि जगतपुर क्षेत्र में सैकड़ों एकड़ जल क्षेत्र उपलब्ध है, जहां नौका विहार, फिशिंग और डॉल्फिन जोन विकसित करने का निर्देश दिया गया है, ताकि उसे एक बड़े पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित किया जा सके।
इस दौरान उन्होंने बायोफ्लॉक तालाब, आरएएस (RH) और हेचरी का भी निरीक्षण किया और मत्स्य विकास की संभावनाओं पर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
कार्यक्रम में अनुमंडल पदाधिकारी नवगछिया ऋतु राज प्रताप सिंह, जिला मत्स्य पदाधिकारी कन्हैया कुमार सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी और गणमान्य लोग उपस्थित थे।
मनोरंजन, रोजगार और पर्यटन—तीनों को एक मंच पर लाने वाला यह सेंटर भागलपुर के विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।


