भागलपुर । बिहार के विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला 2026 की तैयारियों को लेकर भागलपुर प्रमंडल के आयुक्त-सह-मुंगेर प्रमंडल के आयुक्त की अध्यक्षता में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में भागलपुर एवं मुंगेर प्रमंडल के सभी जिलों के जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक, वरीय पुलिस अधीक्षक, दोनों प्रमंडलों के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तथा मालदा रेल मंडल के प्रतिनिधि शामिल हुए।
बैठक में 30 जुलाई से 28 अगस्त 2026 तक आयोजित होने वाले श्रावणी मेले की तैयारियों की विभागवार समीक्षा की गई। आयुक्त ने सभी संबंधित विभागों को निर्देश दिया कि मेला से जुड़े सभी लंबित कार्य एक सप्ताह के भीतर हर हाल में पूरे किए जाएं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
समीक्षा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था, पेयजल, स्वच्छता, खाद्य सुरक्षा, यातायात प्रबंधन, बिजली आपूर्ति और स्वास्थ्य सेवाओं पर विशेष जोर दिया गया। मेला क्षेत्र एवं कांवरिया पथ पर पर्याप्त संख्या में दंडाधिकारी और पुलिस बल की तैनाती, CCTV कैमरों से निगरानी तथा सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के निर्देश दिए गए।
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए कांवरिया पथ और होल्डिंग प्वाइंट पर अस्थायी शौचालय, स्वच्छ पेयजल, नए चापाकलों की स्थापना, पुराने चापाकलों की मरम्मत तथा नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में कचरा निष्पादन की समुचित व्यवस्था करने पर भी बल दिया गया।
पथ निर्माण विभाग को निर्धारित समय सीमा के भीतर कांवरिया पथ पर बालू बिछाने का कार्य पूरा करने तथा विद्युत विभाग को ढीले तार हटाने, पोलों की मरम्मत और पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
आयुक्त ने कांवरिया पथ एवं सभी होल्डिंग प्वाइंट पर अस्थायी चिकित्सा केंद्र स्थापित करने, पर्याप्त चिकित्सकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों की तैनाती, आवश्यक दवाओं और एम्बुलेंस की उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही भोजनालयों में निर्धारित दर सूची प्रदर्शित करने और खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की नियमित जांच कराने के निर्देश भी दिए गए।
आपदा की स्थिति से निपटने के लिए SDRF की तैनाती, टेंट सिटी एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों के प्रचार-प्रसार, बांका के चांदन प्रखंड में पार्किंग व्यवस्था को सुदृढ़ करने तथा सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के माध्यम से श्रद्धालुओं को उपलब्ध सुविधाओं की व्यापक जानकारी देने के भी निर्देश जारी किए गए।
प्रशासन का कहना है कि इस वर्ष श्रावणी मेले को सुरक्षित, व्यवस्थित और श्रद्धालु-अनुकूल बनाने के लिए सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय के साथ तैयारियां तेज कर दी गई हैं।

