पटना के गांधी मैदान में आयोजित शपथ ग्रहण समारोह में गोपालपुर विधानसभा क्षेत्र से जेडीयू विधायक शैलेश कुमार उर्फ बुलो मंडल ने पहली बार मंत्री पद की शपथ ली। मंत्री बनने के साथ ही उनके समर्थकों और क्षेत्रीय कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल देखने को मिला।
बुलो मंडल का राजनीतिक सफर उतार-चढ़ाव से भरा रहा है। वे लंबे समय तक राष्ट्रीय जनता दल (RJD) से जुड़े रहे और वर्ष 2014 के लोकसभा चुनाव में भाजपा नेता शाहनवाज हुसैन को हराकर उन्होंने राज्य की राजनीति में अपनी मजबूत पहचान बनाई थी। इस जीत को उनके राजनीतिक जीवन का महत्वपूर्ण पड़ाव माना जाता है।
बाद में टिकट को लेकर असहमति के चलते उन्होंने वर्ष 2024 में RJD का साथ छोड़कर जनता दल यूनाइटेड (JD(U)) का दामन थाम लिया। इसके बाद गोपालपुर विधानसभा सीट से जेडीयू प्रत्याशी के रूप में चुनाव जीतकर वे विधानसभा पहुंचे। अब मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की सरकार में उन्हें मंत्री पद की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
मंडल समुदाय से आने वाले बुलो मंडल को जेडीयू कोसी-सीमांचल क्षेत्र में अति पिछड़ा वर्ग का प्रभावशाली चेहरा मानती है। ग्रामीण क्षेत्रों में उनकी मजबूत पकड़, सक्रिय जनसंपर्क और सामाजिक आधार को उनकी राजनीतिक ताकत माना जाता है। यही वजह है कि वे लगातार चुनावी राजनीति में प्रभाव बनाए रखने में सफल रहे हैं।
उनके परिवार का राजनीतिक संबंध भी काफी मजबूत रहा है। उनकी पत्नी वर्षा रानी भी सक्रिय राजनीति में रही हैं और बिहपुर विधानसभा क्षेत्र से RJD विधायक रह चुकी हैं।
मंत्री पद मिलने के बाद क्षेत्र के लोगों को उम्मीद है कि उनके नेतृत्व में विकास योजनाओं को गति मिलेगी तथा कोसी-सीमांचल क्षेत्र की समस्याओं के समाधान की दिशा में विशेष पहल की जाएगी।

