Uncategorizedकविता काननसाहित्य

बेटी को बचाना है ।

बेटी देश की पहचान है
स्कूल की शान है
बाबूल की अभिमान है
माता की प्राण है
कुल की मान है
सृष्टि की निर्माण है
जांच पर रोक लगाना है
बेटी को बचाना है
माता-पिता को बताना है
बेटा-बेटी का भेद मिटाना है
बेटी को खूब पढ़ाना है
महादेवी, सुभद्रा बनाना है
प्रतिभा जैसा चमकाना है
ऐसा बदलाव लाना है
जांच पर रोक लगाना है
बेटी को बचाना है ।।
नेतलाल प्रसाद यादव ।
उत्क्रमित उच्च विद्यालय शहरपुरा जमुआ गिरिडीह झारखंड ।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button