भागलपुर। जिले में गंगा घाटों पर लगातार हो रही डूबने की घटनाओं को लेकर बढ़ती चिंता के बीच सामाजिक संस्था जीवन जागृति सोसायटी ने सुरक्षा को लेकर ठोस पहल शुरू की है। संस्था की ओर से विभिन्न घाटों पर बैरिकेडिंग लगाकर लोगों को गहराई से आगाह करने का अभियान चलाया जा रहा है।
इसी क्रम में सोमवार को बाबूपुर गंगा घाट पर बैरिकेडिंग की गई। संस्था का उद्देश्य स्नान करने आने वाले लोगों को नदी की गहराई का स्पष्ट संकेत देना और असावधानी से होने वाले हादसों पर रोक लगाना है।
जीवन जागृति सोसायटी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अजय कुमार सिंह ने बताया कि संस्था “अकाल मृत्यु” की घटनाओं को रोकने के लिए निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि असमय होने वाली मौतें न केवल परिवारों को गहरे आघात में डालती हैं, बल्कि समाज में भय का वातावरण भी पैदा करती हैं। घाटों पर सुरक्षा इंतजाम मजबूत कर ऐसे हादसों को काफी हद तक रोका जा सकता है।
उन्होंने सरकार से अपील की कि हादसों के बाद मुआवजा देने की बजाय पहले से सुरक्षा उपायों पर ध्यान दिया जाए। यदि बैरिकेडिंग, चेतावनी बोर्ड, लाइफ जैकेट और अन्य सुरक्षात्मक संसाधनों पर खर्च किया जाए, तो कई जिंदगियां बचाई जा सकती हैं।
उल्लेखनीय है कि कुछ दिन पूर्व बाबूपुर गंगा घाट पर एक इंटर के छात्र समेत दो लोगों की डूबने से मौत हो गई थी, जिसके बाद क्षेत्र में शोक और आक्रोश का माहौल था। स्थानीय ग्रामीणों ने संस्था की पहल की सराहना करते हुए इसे समय की मांग बताया है। उनका कहना है कि बैरिकेडिंग से लोगों को गहराई का अंदाजा होगा और वे अधिक सतर्क रहेंगे।
गंगा की मुख्य धारा होने के कारण यहां दूर-दराज से लोग स्नान के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में यह पहल जनसुरक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
भागलपुर में डूबने की घटनाओं पर अंकुश की पहल, गंगा घाटों पर बैरिकेडिंग शुरू

