
भागलपुर: गंगा नदी पर बन रहे नए समानांतर सेतु के निर्माण स्थल पर शनिवार रात दर्दनाक हादसा हो गया। बिजली की तकनीकी खराबी को ठीक करने के दौरान एक इलेक्ट्रिशियन की करंट लगने से मौत हो गई। हादसा विक्रमशिला सेतु के नीचे नवगछिया की ओर स्थित निर्माण स्थल के पास हुआ। घटना के बाद निर्माण साइट पर अफरा-तफरी मच गई और कर्मचारियों में दहशत फैल गई।
करंट की चपेट में आने से गंभीर रूप से झुलसे
मृतक की पहचान मुस्तकीम साव (32) के रूप में हुई है। बताया गया कि शनिवार रात निर्माण स्थल पर बिजली व्यवस्था में तकनीकी खराबी आई थी। इसी खराबी को ठीक करने के दौरान मुस्तकीम करंट की चपेट में आ गए और गंभीर रूप से झुलस गए।
हादसे के बाद सहकर्मियों और स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें तत्काल इलाज के लिए जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज अस्पताल (मायागंज) ले जाया गया। अस्पताल में डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
आठ साल से SP Singla कंपनी में कर रहे थे काम
मुस्तकीम साव पश्चिम बंगाल के कूचबिहार जिले के हल्दीबाड़ी थाना क्षेत्र के बोयालमारी गांव के रहने वाले थे। वह करीब आठ वर्षों से निर्माण कंपनी एसपी सिंगला (SP Singla) में इलेक्ट्रिशियन के रूप में काम कर रहे थे।
बताया गया कि करीब दो महीने पहले उनकी तैनाती भागलपुर में गंगा नदी पर बन रहे समानांतर सेतु के निर्माण कार्य में की गई थी। वह निर्माण स्थल पर बिजली व्यवस्था की देखरेख कर रहे थे।
शनिवार रात साइट पर आई तकनीकी खराबी को ठीक करने के दौरान अचानक वह करंट की चपेट में आ गए।
पत्नी और छोटी बेटी को पीछे छोड़ गए मुस्तकीम
मुस्तकीम की मौत की खबर उनके गांव पहुंचते ही परिवार में मातम छा गया। वह अपने पीछे पत्नी और एक छोटी बेटी छोड़ गए हैं।
पति की अचानक मौत की खबर सुनकर उनकी पत्नी की तबीयत बिगड़ गई। इसके बाद उन्हें भी अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा।
रविवार को घटना की जानकारी मिलने के बाद मुस्तकीम के मामा हसन अकन और मौसा रफीकुल इस्लाम भागलपुर पहुंचे और अस्पताल में घटना की जानकारी ली।
पुलिस ने शव पोस्टमार्टम करा कर परिजनों को सौंपा
घटना की सूचना मिलने के बाद मायागंज अस्पताल परिसर स्थित बरारी कैंप थाना पुलिस ने शव को कब्जे में लिया। आवश्यक कागजी कार्रवाई पूरी एवं पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंपा गया।



